2035 तक अपना स्पेस स्टेशन, 2040 तक चंद्रमा पर भारतीय…
प्रधानमंत्री मोदी ने चंद्रयान-3 और आदित्य-L1 मिशन का जिक्र करते हुए 2035 तक भारतीय स्पेस स्टेशन और 2040 तक चंद्रमा पर भारतीय भेजने का लक्ष्य बताया।

India; प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आज गुरुवार, 10 सितंबर को पेरिस में इंटरनेशनल स्पेस समिट को वीडियो कॉन्फ्रेंस के जरिए संबोधित किया।
पीएम मोदी ने कहा, ‘भारत अंतरराष्ट्रीय कानूनों पर आधारित सुरक्षित और टिकाऊ स्पेस डोमेन का समर्थन करता है। स्पेस की संभावनाएं असीमित हैं और हमारी जिम्मेदारी सामूहिक है।’
स्पेस के क्षेत्र में कीर्तिमान रच रहा भारत
प्रधानमंत्री मोदी ने स्पेस में भारत की उपलब्धियों के बारे में बात करते हुए कहा, ‘चंद्रयान-3 ने भारत को चंद्रमा के दक्षिणी ध्रुव के पास उतरने वाला पहला देश बना दिया है। आदित्य L1 सूरज के रहस्यों को उजागर कर रहा है।’
प्रधानमंत्री ने स्पेस में भारत के भविष्य को लेकर कहा, ‘पिछले साल, एक भारतीय ने इंटरनेशनल स्पेस स्टेशन का दौरा किया। आगे देखते हुए, हमारा लक्ष्य 2035 तक एक भारतीय स्पेस स्टेशन स्थापित करना और 2040 तक एक भारतीय को चंद्रमा पर भेजना है।’
पीएम ने आगे कहा, ‘इन सभी प्रयासों में, हमारा मार्गदर्शक सिद्धांत स्पष्ट रहा है। इनके लाभ पूरी मानवता तक पहुंचने चाहिए। ISRO के साथ-साथ, भारत का निजी अंतरिक्ष क्षेत्र भी तेजी से आगे बढ़ रहा है। उद्यम की ऊर्जा ISRO की उत्कृष्टता के साथ जुड़ रही है।’
सुरक्षित और टिकाऊ स्पेस डोमेन का समर्थन
प्रधानमंत्री ने इंटरनेशनल स्पेस समिट को संबोधित करते हुए कहा, ‘हम अंतरराष्ट्रीय कानूनों पर आधारित सुरक्षित और टिकाऊ स्पेस डोमेन का समर्थन करते हैं। वैज्ञानिक डेटा का इस्तेमाल खुलेपन और ईमानदारी के साथ एक साझा लक्ष्य के लिए किया जाना चाहिए। भारत की स्पेस यात्रा इसी सोच को दर्शाती है।’

